देहरादून | दिनांक: 9 जुलाई 2025
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में मंगलवार को उत्तराखंड मंत्रिमंडल की अहम बैठक संपन्न हुई। इस बैठक में राज्य के विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। खासतौर पर जियोथर्मल ऊर्जा नीति, खनन और जीएसटी ढांचे से संबंधित निर्णय चर्चा में रहे।
जियोथर्मल ऊर्जा नीति को मिली कैबिनेट की हरी झंडी
राज्य में नवीकरणीय ऊर्जा को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए कैबिनेट ने ‘जियोथर्मल एनर्जी नीति’ को मंजूरी दे दी। इस नीति से उत्तराखंड में प्राकृतिक ऊर्जा स्रोतों के उपयोग की नई संभावनाएं खुलेंगी।
बुनियादी ढांचे पर जोर: पुलों की क्षमता बढ़ाने की दिशा में कदम
- प्रोजेक्ट मैनेजमेंट यूनिट (PMU) के गठन को मंजूरी दी गई, जिससे पुलों की क्षमता और संरचनात्मक मजबूती पर कार्य किया जाएगा।
- यह कदम राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों में यातायात और कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने में सहायक होगा।
विभागीय ढांचे में हुआ विस्तार
- सतर्कता विभाग में 20 नए पदों की स्वीकृति, अब कुल पद 132 से बढ़कर 156 हो गए हैं।
- जीएसटी विभाग में भी संसाधन बढ़ाने हेतु पदों में वृद्धि को मंजूरी दी गई।
खनिज संसाधन प्रबंधन में नया मॉडल
- राज्य में नए खनिजों की खोज और दोहन के लिए जिला एवं राज्य स्तर पर ‘खनन न्यास’ बनाए जाएंगे।
- इससे स्थानीय विकास कार्यों में पारदर्शिता और सहभागिता बढ़ेगी।
वृद्धावस्था पेंशन में बड़ा संशोधन
- अब यदि किसी महिला का पुत्र 18 वर्ष का हो जाता है, तो उसकी वृद्धावस्था पेंशन बंद नहीं होगी।
- इस संशोधन से हजारों लाभार्थियों को राहत मिलेगी और सामाजिक सुरक्षा मजबूत होगी।
सरकार का संदेश
मुख्यमंत्री धामी ने बैठक के बाद कहा, “हमारी सरकार हर वर्ग के हित में निर्णय ले रही है। ऊर्जा, बुनियादी ढांचा, सामाजिक सुरक्षा और प्रशासनिक दक्षता सभी क्षेत्रों में सुधार प्राथमिकता है।”
नोट: जल्द ही कैबिनेट में पारित नीतियों पर अमल शुरू किया जाएगा। नीति दस्तावेज वेबसाइट पर उपलब्ध होंगे।


