देहरादून | 20 दिसंबर 2025
योजना के नाम पर सियासी घमासान
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सदस्य महेंद्र भट्ट ने कांग्रेस पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस को योजनाओं के नाम नेहरू–गांधी के नाम पर रहने से कभी कोई आपत्ति नहीं रही, लेकिन जब किसी योजना में प्रभु राम का नाम जुड़ता है, तो उसे समस्या होने लगती है।
उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि कांग्रेस की आपत्ति गांधी या नेहरू को लेकर नहीं, बल्कि राम नाम को लेकर है।
‘विकसित भारत–जी राम जी योजना’ की उपलब्धियां गिनाईं
महेंद्र भट्ट ने कहा कि विकसित भारत–जी राम जी योजना के तहत ग्रामीण रोजगार के क्षेत्र में ऐतिहासिक सुधार किए गए हैं। इस योजना में न केवल रोजगार गारंटी की अवधि बढ़ाई गई है, बल्कि बजट राशि में भी उल्लेखनीय इजाफा हुआ है।
उन्होंने बताया कि अब रोजगार गारंटी की अवधि बढ़ाकर 125 दिन कर दी गई है।
बजट में 30 प्रतिशत तक बढ़ोतरी
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि इस योजना के अंतर्गत केंद्र सरकार से मिलने वाली धनराशि में लगभग 30 प्रतिशत की वृद्धि होने जा रही है, जिससे यह राशि करीब एक लाख करोड़ रुपये तक पहुंचेगी। राज्य स्तर पर मिलने वाला बजट इसके अतिरिक्त होगा।
उन्होंने इसे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम बताया।
डिजिटलीकरण और तकनीक से भ्रष्टाचार पर प्रहार
महेंद्र भट्ट ने कहा कि नई योजना को पूर्णतया डिजिटलीकृत किया गया है। इसमें बायोमीट्रिक सत्यापन, साप्ताहिक मूल्यांकन, पीएम गति शक्ति से जुड़ाव और आधुनिक तकनीकों का उपयोग किया जाएगा।
उनका दावा है कि इससे योजना की पुरानी कमियां दूर होंगी और यह पूरी तरह भ्रष्टाचार मुक्त बनेगी।
“विकसित भारत की नींव पीएम मोदी ने रखी”
कांग्रेस के आरोपों पर पलटवार करते हुए भट्ट ने कहा कि बीते दस वर्षों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विकसित भारत की मजबूत नींव रख दी है। अब नई और प्रभावी योजनाओं के जरिए देश की विकास की इमारत खड़ी की जा रही है, लेकिन विपक्ष को यह प्रगति हजम नहीं हो रही।
कांग्रेस की सोच पर कटाक्ष
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कटाक्ष करते हुए कहा कि कांग्रेस की आपत्तियों से साफ लगता है कि उनकी सोच और समझ में कमी आ गई है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता योजना के व्यापक कार्यक्षेत्र और ग्रामीण रोजगार में हो रही वृद्धि की सराहना करने के बजाय, केवल नाम में राम आने पर पीड़ा व्यक्त कर रहे हैं।
निष्कर्ष
महेंद्र भट्ट के बयान से साफ है कि विकसित भारत–जी राम जी योजना को लेकर सियासत तेज हो गई है। भाजपा जहां इसे ग्रामीण विकास, रोजगार और पारदर्शिता की दिशा में बड़ा कदम बता रही है, वहीं कांग्रेस की आपत्तियों को वह केवल नाम से जुड़ा राजनीतिक विरोध करार दे रही है। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर राजनीतिक बहस और तेज होने के संकेत हैं।


