देहरादून, 22 फरवरी 2026
राजधानी स्थित शिक्षा निदेशालय में प्रारंभिक शिक्षा निदेशक अजय कुमार नौडियाल के साथ हुई मारपीट की घटना के बाद राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में मचा बवाल थमने का नाम नहीं ले रहा है। इस मामले में रायपुर विधायक उमेश शर्मा काऊ ने बयान जारी कर घटना पर अफसोस जताते हुए संबंधित सभी पक्षों से माफी मांगी है।
विद्यालय के नामकरण को लेकर गए थे निदेशालय
विधायक उमेश शर्मा काऊ ने अपने बयान में कहा कि वह अपने विधानसभा क्षेत्र में एक विद्यालय के लिए डेढ़ बीघा भूमि दान देने वाले परिवार के साथ शिक्षा निदेशालय पहुंचे थे। परिवार की मांग थी कि विद्यालय का नामकरण दानदाता पद्म सिंह रावत के नाम पर किया जाए।
उन्होंने बताया कि यह मामला काफी समय से लंबित था, जिस कारण बातचीत के दौरान माहौल तनावपूर्ण हो गया।
“विवाद शांत कराने का प्रयास करता रहा”
विधायक काऊ ने कहा कि जनप्रतिनिधि होने के नाते उन्होंने विवाद को शांत कराने का भरसक प्रयास किया। हालांकि, इस दौरान जाने-अनजाने में घटना घटित हो गई, जिस पर उन्हें गहरा खेद है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि उन्हें अपने जनहित के कार्यों में हमेशा अधिकारियों और कर्मचारियों का सहयोग मिला है और उन्होंने भी सदैव उन्हें उचित सम्मान दिया है।
सभी पक्षों से संयम की अपील
विधायक ने शनिवार को हुई घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए संबंधित सभी पक्षों से माफी मांगी है। साथ ही उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी लगातार अधिकारी-कर्मचारियों के हितों में कार्य कर रहे हैं और सरकार कानून व्यवस्था को लेकर गंभीर है।
उन्होंने सभी पक्षों से संयम बरतने और मामले को शांति व संवाद के माध्यम से सुलझाने की अपील की है।
निष्कर्ष
शिक्षा निदेशालय की घटना ने प्रदेश की राजनीति और प्रशासनिक तंत्र में हलचल मचा दी है। विधायक के खेद प्रकट करने के बाद अब नजर इस बात पर है कि मामले में आगे क्या कार्रवाई होती है और कर्मचारी संगठनों की प्रतिक्रिया क्या रहती है।


