देहरादून | 7 नवंबर 2025
राज्य स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में धावन उत्सव
उत्तराखंड राज्य स्थापना के 25 वर्ष पूरे होने की खुशी में देहरादून आज ऊर्जा और उत्साह से धड़कता दिखा। रजत जयंती समारोह के तहत देहरादून जिला प्रशासन ने भव्य दून मैराथन का आयोजन किया, जिसमें सुबह की हवा में कदमों की ताल और जयघोषों की गूंज सुनाई दी।
डीएम ने दिखाई हरी झंडी, शहर हुआ गतिमान
जिलाधिकारी सविन बंसल ने पवेलियन ग्राउंड से हरी झंडी दिखाकर मैराथन की शुरुआत की।
इस आठ किमी के ट्रैक ने शहर की प्रमुख सड़कों को अपनी ऊर्जा से भर दिया।
मार्ग इस प्रकार रहा:
- पवेलियन ग्राउंड
- कनक चौक
- एस्ले हॉल
- बहल चौक
- दिलाराम चौक
- ब्रह्मकमल चौक
- एनआईवीएच
- और फिर वापस वही मार्ग होते हुए पवेलियन ग्राउंड में समापन
700 प्रतिभागियों ने दौड़ में डाली जान
मैराथन में 700 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। विद्यालयों के छात्र, युवा, वरिष्ठ नागरिक, महिला धावक और फिटनेस समूहों ने मिलकर रजत जयंती उत्सव को सार्थक बनाया। हर कदम में राज्य के प्रति प्रेम और गर्व झलक रहा था।
डीएम बंसल ने दिए प्रेरक संदेश
दौड़ के शुभारंभ पर जिलाधिकारी ने कहा कि यह सिर्फ एक खेल आयोजन नहीं, बल्कि एक ऊर्जावान उत्तराखंड का जीवंत प्रतीक है।
उन्होंने जोड़ते हुए कहा,
“मैराथन हमें सतत प्रयास और धैर्य का संदेश देती है। जैसे लक्ष्य तक पहुंचने के लिए निरंतर कदम बढ़ाने होते हैं, वैसे ही राज्य के विकास में हर नागरिक की भूमिका उतनी ही महत्वपूर्ण है।”
दौड़ बन गई एकता और उत्सव का स्वरूप
रंग-बिरंगे टी-शर्ट, हाथों में झंडे, ढोलक की थाप और cheering zones इस पूरी दौड़ को एक उत्सव में बदलते नजर आए। शहर के कई हिस्सों में लोगों ने प्रतिभागियों के लिए पानी व ऊर्जा पेय की व्यवस्था की। बच्चे और बुजुर्ग सभी दौड़ को देखने और प्रोत्साहन देने पहुंचे।
निष्कर्ष
उत्तराखंड रजत जयंती वर्ष के अवसर पर आयोजित यह मैराथन प्रदेश के आत्मविश्वास, ऊर्जा और सामाजिक एकता का प्रतीक बन गई। दौड़ ने संदेश दिया कि विकास की राह मैराथन की तरह है, जिसमें धैर्य, निरंतरता और सामूहिक प्रयास ही हमें आगे ले जाते हैं।
दून की यह सुबह रजत जयंती उत्सव के सुवर्ण पलों में दर्ज हो गई।


