स्थान: देहरादून, उत्तराखंड
दिनांक: 7 अक्टूबर 2026
देहरादून के बसंत विहार क्षेत्र में बीजेपी पार्षद अमिता सिंह के घर परिवार को कथित तौर पर नशीला पदार्थ खिलाकर जेवरात और नकदी चोरी करने के मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी दिल्ली में टैक्सी चलाता था और नेपाली मूल के अपने साथियों के साथ मिलकर घरों में चोरी की वारदातों को अंजाम देता था।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान 27 वर्षीय दिनेश सुनार के रूप में हुई है। पुलिस ने उसके कब्जे से 27,500 रुपये नकद, दो मोबाइल फोन और वारदात में इस्तेमाल सफेद रंग की अर्टिगा कार बरामद की है। इस मामले में चार अन्य आरोपी अभी फरार बताए जा रहे हैं।
नौकर ने साथियों के साथ मिलकर रची थी साजिश
पुलिस के अनुसार, 29 और 30 सितंबर की रात राज मार्केट, बल्लीवाला चौक निवासी महिपाल सिंह के घर में काम करने वाले नौकर भरत थापा ने अपने साथियों के साथ मिलकर चोरी की वारदात को अंजाम दिया था।
आरोप है कि आरोपियों ने घर में मौजूद बीजेपी पार्षद अमिता सिंह और उनके परिवार के सदस्यों के खाने में नशीला पदार्थ मिला दिया। इसके बाद परिवार के सदस्य बेहोशी की हालत में चले गए और आरोपी घर से जेवरात व नकदी लेकर फरार हो गए।
घटना के बाद बसंत विहार थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल के निर्देश पर पुलिस की कई टीमें गठित की गईं।
CCTV से खुली आरोपियों की कड़ी
पुलिस टीमों ने घटनास्थल और आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि भरत थापा के अलावा चार अन्य लोग भी वारदात में शामिल थे। आरोपियों ने घटना के लिए हरियाणा नंबर की कार का इस्तेमाल किया था।
इसके बाद पुलिस ने उत्तराखंड के बाहर भी संभावित ठिकानों पर दबिश शुरू की। इसी दौरान मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने दिनेश सुनार को घटना में इस्तेमाल कार के साथ गिरफ्तार कर लिया।
टैक्सी चलाने की आड़ में करता था रेकी
पूछताछ में पुलिस के सामने आरोपी की कथित भूमिका को लेकर कई जानकारियां सामने आईं। पुलिस के मुताबिक, दिनेश मूल रूप से नेपाल का रहने वाला है और दिल्ली में टैक्सी चलाता था। आरोप है कि टैक्सी चलाने की आड़ में वह नेपाली मूल के अपने साथियों के साथ मिलकर चोरी की घटनाओं में शामिल रहता था।
गिरोह के सदस्य पहले घरों में काम करने या अन्य किसी बहाने से रेकी करते थे। इसके बाद मौका देखकर चोरी की वारदात को अंजाम दिया जाता था। पुलिस के अनुसार, दिनेश अपनी टैक्सी से साथियों को घटनास्थल तक पहुंचाने और वारदात के बाद वहां से निकालने का काम करता था।
चार आरोपी अभी भी पुलिस की पकड़ से बाहर
पुलिस के मुताबिक, घटना के बाद दिनेश को उसके साथियों ने 50 हजार रुपये नकद दिए थे। बाकी रकम चोरी के सामान को बेचने के बाद देने की बात कही गई थी।
जांच के दौरान भरत थापा के अलावा आदित्य, अभिषेक और एलेक्स के नाम भी सामने आए हैं। पुलिस के अनुसार, चारों आरोपी नेपाली मूल के बताए जा रहे हैं और फिलहाल फरार हैं। उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है।
एसपी सिटी शेखर सुयाल के मुताबिक, नौकर का पहले से आपराधिक इतिहास होने की जानकारी सामने आई है। पुलिस के अनुसार, जिस एजेंसी के माध्यम से उसे काम पर रखा गया था, वहां उसका सत्यापन नहीं कराया गया था। पीड़ित परिवार की ओर से भी नौकर का सत्यापन नहीं कराया गया था। पुलिस ने संबंधित एजेंसी को ब्लैकलिस्ट करने के लिए दूसरे राज्य को जानकारी भेजी है।
बसंत विहार में दूसरी चोरी का भी खुलासा, 8 लाख की ज्वेलरी बरामद
इसी बीच बसंत विहार क्षेत्र में घर का ताला तोड़कर करीब 8 लाख रुपये की ज्वेलरी चोरी करने के एक अन्य मामले का भी पुलिस ने खुलासा किया है। इस मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर चोरी की पूरी ज्वेलरी बरामद करने का दावा किया है।
पुलिस के अनुसार, 6 अक्टूबर को बसंत कुंज निवासी अमित कुमार क्षेत्री ने शिकायत दर्ज कराई थी कि वह निजी काम से घर से बाहर गए थे। इसी दौरान अज्ञात व्यक्ति ने उनके घर का ताला तोड़कर अंदर रखी ज्वेलरी चोरी कर ली।
शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। घटनास्थल और आसपास के रास्तों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई और मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया।
चेकिंग के दौरान आरोपी गिरफ्तार
जांच के दौरान पुलिस को आरोपी के संबंध में अहम सुराग मिले। इसके बाद 6 अक्टूबर की रात चेकिंग के दौरान मालिक चौक से आगे खाला पुलिया के पास पुलिस ने शानू पुत्र खुर्शीद अहमद को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने उसके कब्जे से चोरी की ज्वेलरी बरामद की। बरामद सामान में एक मंगलसूत्र, दो अंगूठियां, एक जोड़ी झुमके, एक झुमका, सफेद धातु की एक अंगूठी और एक जोड़ी टॉप्स शामिल हैं। पुलिस ने बरामद ज्वेलरी की अनुमानित कीमत करीब 8 लाख रुपये बताई है।
नशे की लत के लिए चोरी का आरोप
पुलिस पूछताछ में शानू ने कथित तौर पर बताया कि वह नशे का आदी है और अपनी नशे की जरूरत पूरी करने के लिए उसने घर की रेकी की थी। मौका मिलने पर उसने मकान का ताला तोड़कर चोरी कर ली।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी चोरी की ज्वेलरी बेचने के लिए बाहर निकलने की तैयारी में था, लेकिन उससे पहले ही पुलिस ने उसे पकड़ लिया। आरोपी के खिलाफ पहले से भी आपराधिक मामले दर्ज होने की जानकारी सामने आई है।
एसपी सिटी शेखर सुयाल के अनुसार, शानू के खिलाफ कोतवाली नगर और बसंत विहार थाने में आर्म्स एक्ट के तहत तीन मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस उसके अन्य आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच कर रही है।
निष्कर्ष
बसंत विहार क्षेत्र में सामने आए दोनों चोरी के मामलों में पुलिस ने अलग-अलग कार्रवाई करते हुए एक नेपाली मूल के आरोपी और एक अन्य शातिर चोर को गिरफ्तार किया है। बीजेपी पार्षद के घर हुई चोरी में जहां चार आरोपी अभी फरार हैं, वहीं दूसरे मामले में करीब 8 लाख रुपये की ज्वेलरी बरामद की गई है। पुलिस का कहना है कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी और दोनों मामलों से जुड़े अन्य तथ्यों की जांच जारी है।



