देहरादून | 16 सितंबर 2026
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर भाजपा की ओर से चलाए जा रहे ‘आशीर्वाद का दीया’ अभियान को लेकर उत्तराखंड की राजनीति में बयानबाजी तेज हो गई है। भाजपा ने 17 सितंबर को प्रधानमंत्री के जन्मदिन के अवसर पर घर-घर दीप जलाने की अपील की है। उत्तराखंड में यह कार्यक्रम सेवा संकल्प अभियान की शुरुआत के तौर पर आयोजित किया जा रहा है।
इसी अभियान को लेकर उत्तराखंड कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने सवाल उठाए हैं। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे इस पहल को लेकर अपने स्तर पर विचार करें और राज्य से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर भी सवाल पूछें।
‘दीया जलाएं तो अंकिता भंडारी को याद करें’
गणेश गोदियाल ने कहा कि यदि लोग 17 सितंबर को दीप जलाते हैं तो इसे उत्तराखंड की बेटी अंकिता भंडारी की स्मृति से भी जोड़कर देखा जाए। उन्होंने कहा कि लोग प्रार्थना करें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को कथित वीआईपी मामले में कार्रवाई के लिए निर्देश दें।
गोदियाल ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री कई बार उत्तराखंड आए हैं, लेकिन अंकिता भंडारी प्रकरण को लेकर उन्होंने सार्वजनिक रूप से कोई घोषणा नहीं की। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि भाजपा से जुड़े जिन लोगों पर मामले में कथित संलिप्तता के आरोप लगाए जाते रहे हैं, उनके खिलाफ जांच को लेकर स्पष्ट स्थिति सामने नहीं आई है।
हालांकि, ये आरोप कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष की राजनीतिक प्रतिक्रिया के तौर पर सामने आए हैं और इनके संबंध में संबंधित पक्षों के जवाब को भी अलग से देखा जाना चाहिए।
भाजपा ने 17 सितंबर को ‘आशीर्वाद का दीया’ जलाने की अपील की
भाजपा की ओर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर 17 सितंबर की शाम घर-घर ‘आशीर्वाद का दीया’ जलाने की अपील की गई है। पार्टी के अनुसार यह कार्यक्रम प्रधानमंत्री के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर चलाए जा रहे सेवा संकल्प अभियान का हिस्सा है।
उत्तराखंड में सेवा संकल्प अभियान 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चलाया जाना है। अभियान के दौरान सेवा, जनभागीदारी और विभिन्न जनकल्याणकारी कार्यक्रमों से जुड़े आयोजन प्रस्तावित हैं।
भाजपा की ओर से बताया गया है कि ‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम के माध्यम से प्रधानमंत्री की जनसेवा के प्रति आभार और विकसित भारत 2047 के संकल्प को जोड़ने का प्रयास किया जाएगा।
महेंद्र भट्ट के आह्वान पर भी गोदियाल ने साधा निशाना
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट के उस आह्वान पर भी सवाल उठाए, जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री के जन्मदिन पर दीप जलाने की अपील की है।
गोदियाल ने सवाल किया कि इस तरह का आयोजन उत्तराखंड के हित में कितना उपयोगी होगा और इससे प्रदेश की जनता को क्या लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि जनता को ऐसे आयोजनों के साथ-साथ राज्य के महत्वपूर्ण मुद्दों पर भी विचार करना चाहिए।
अंकिता प्रकरण को लेकर सरकार से सवाल
गोदियाल ने अपने बयान में अंकिता भंडारी प्रकरण को प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि राजनीतिक नेतृत्व से जनता कानून के तहत मामलों के निस्तारण और न्याय की अपेक्षा करती है।
उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री के कई बार उत्तराखंड आने के बावजूद अंकिता भंडारी प्रकरण पर उनकी ओर से कोई स्पष्ट सार्वजनिक घोषणा नहीं की गई। कांग्रेस नेता ने इस मुद्दे को लेकर भाजपा नेतृत्व और राज्य सरकार से सवाल पूछे हैं।
भाजपा का अभियान सेवा और जनभागीदारी पर केंद्रित
दूसरी ओर, भाजपा की ओर से ‘सेवा संकल्प अभियान’ को प्रधानमंत्री के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्षों से जोड़ते हुए प्रदेशभर में विभिन्न कार्यक्रमों की योजना बनाई गई है। अभियान में ‘आशीर्वाद का दीया’ के अलावा सेवा, जनकल्याण, नवाचार और विकसित भारत से जुड़े कार्यक्रम शामिल हैं।
17 सितंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जन्मदिन है और इसी दिन से देशभर में अभियान शुरू किया जा रहा है। उत्तराखंड में भी पार्टी स्तर पर बूथ और लाभार्थी परिवारों तक पहुंचने की योजना बताई गई है।
निष्कर्ष
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर आयोजित होने वाले ‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम ने उत्तराखंड में राजनीतिक बहस को भी जन्म दे दिया है। भाजपा इसे सेवा और जनभागीदारी से जोड़ रही है, जबकि कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने अंकिता भंडारी प्रकरण समेत राज्य के अन्य सवालों को सामने रखते हुए अभियान पर सवाल उठाए हैं। अब 17 सितंबर को होने वाले कार्यक्रमों के बीच राजनीतिक दलों के बीच यह मुद्दा आगे किस तरह चर्चा में रहता है, इस पर नजर रहेगी।


