देहरादून | 17 जुलाई 2026
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी के देहरादून दौरे के दौरान शुक्रवार को राजधानी का राजनीतिक माहौल पूरी तरह गर्म रहा। एक ओर राहुल गांधी “छात्रों की गूंज” कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे, वहीं दूसरी ओर भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा ने उनके विरोध में सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन किया। सीएमआई चौक पर आयोजित इस विरोध प्रदर्शन के दौरान भाजपा महिला मोर्चा की कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस के खिलाफ नारेबाजी की और महिला सम्मान से जुड़े मुद्दों को लेकर अपना विरोध दर्ज कराया। स्थिति को नियंत्रित रखने के लिए पुलिस ने कई नेताओं और महिला कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया।
सीएमआई चौक पर जुटीं प्रदेशभर की महिला कार्यकर्ता
भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष रुचि भट्ट के नेतृत्व में प्रदेश के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में महिला कार्यकर्ता देहरादून पहुंचीं। सभी कार्यकर्ता सीएमआई चौक पर एकत्रित हुईं और हाथों में पार्टी के झंडे तथा तख्तियां लेकर कांग्रेस के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने महिला अधिकारों, सम्मान और राजनीतिक भागीदारी से जुड़े मुद्दों को लेकर कांग्रेस पर निशाना साधा।
महिला मोर्चा का कहना था कि कांग्रेस ने हमेशा महिला सशक्तिकरण के मुद्दे पर दोहरा रवैया अपनाया है और यही कारण है कि देवभूमि की महिलाएं राहुल गांधी के दौरे का विरोध दर्ज कराने के लिए सड़कों पर उतरी हैं।
रुचि भट्ट ने संभाली प्रदर्शन की कमान
पूरे प्रदर्शन का नेतृत्व भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष रुचि भट्ट ने किया। उनके साथ महिला मोर्चा की प्रदेश महामंत्री हिमानी वैष्णव, राज्य मंत्री विनोद उनियाल, राज्य मंत्री मधु भट्ट सहित संगठन के कई प्रदेश, जिला और मंडल स्तर के पदाधिकारी मौजूद रहे।
बड़ी संख्या में महिला कार्यकर्ताओं की मौजूदगी को देखते हुए पुलिस और प्रशासन पहले से ही सतर्क रहा। प्रदर्शन स्थल पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति उत्पन्न न हो।
कांग्रेस पर महिला विरोधी राजनीति का लगाया आरोप
प्रदर्शन के दौरान रुचि भट्ट ने कांग्रेस पर महिलाओं के हितों की अनदेखी करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि संसद में नारी शक्ति वंदन अधिनियम का विरोध कर कांग्रेस ने देश की करोड़ों महिलाओं की भावनाओं को ठेस पहुंचाई है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने महिलाओं को राजनीतिक प्रतिनिधित्व और सशक्तिकरण की दिशा में ऐतिहासिक कदम उठाए हैं, जबकि कांग्रेस ने महिला मुद्दों का इस्तेमाल केवल राजनीतिक लाभ के लिए किया है।
राहुल गांधी के दौरे पर बीजेपी का तीखा हमला
भाजपा महिला मोर्चा की ओर से कहा गया कि उत्तराखंड की मातृशक्ति राहुल गांधी के दौरे के माध्यम से यह संदेश देना चाहती है कि महिला सम्मान और अधिकारों के मुद्दे पर किसी भी प्रकार की राजनीतिक अवसरवादिता स्वीकार नहीं की जाएगी।
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि कांग्रेस का इतिहास महिलाओं के हितों के प्रति सकारात्मक नहीं रहा है और पार्टी को पहले अपने पुराने रुख पर आत्ममंथन करना चाहिए।
पुलिस ने संभाला मोर्चा, कई कार्यकर्ता हिरासत में
प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने सीएमआई चौक पर बैरिकेडिंग कर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत कर दी। जब प्रदर्शनकारी आगे बढ़ने का प्रयास करने लगे तो पुलिस ने उन्हें बैरिकेडिंग के पास ही रोक दिया।
स्थिति को नियंत्रित रखने के लिए पुलिस ने कई महिला कार्यकर्ताओं और नेताओं को हिरासत में लेकर पुलिस वाहनों के माध्यम से वहां से हटाया। हालांकि पूरे घटनाक्रम के दौरान कहीं से भी हिंसा या किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली और विरोध प्रदर्शन शांतिपूर्ण तरीके से समाप्त हो गया।
महिला सम्मान के मुद्दे को लेकर आगे भी आंदोलन की चेतावनी
भाजपा महिला मोर्चा ने कहा कि यह प्रदर्शन केवल राजनीतिक विरोध तक सीमित नहीं है, बल्कि महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और अधिकारों के प्रति जनजागरूकता का अभियान भी है। संगठन का कहना है कि केंद्र सरकार महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए अनेक योजनाएं संचालित कर रही है और उत्तराखंड की मातृशक्ति इन प्रयासों के साथ मजबूती से खड़ी है।
महिला मोर्चा ने स्पष्ट किया कि भविष्य में भी महिलाओं के हितों के खिलाफ मानी जाने वाली किसी भी नीति, विचार या राजनीतिक रुख का लोकतांत्रिक तरीके से विरोध जारी रखा जाएगा।
निष्कर्ष
राहुल गांधी के देहरादून दौरे ने उत्तराखंड की राजनीति में नया राजनीतिक तापमान पैदा कर दिया। भाजपा महिला मोर्चा के विरोध प्रदर्शन और पुलिस की कार्रवाई ने राजधानी में पूरे दिन राजनीतिक हलचल बनाए रखी। हालांकि प्रशासन की सतर्कता के चलते पूरा प्रदर्शन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ, लेकिन इस घटनाक्रम ने साफ संकेत दिया कि आने वाले समय में प्रदेश की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप और अधिक तेज होने की संभावना है।


