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एसआईआर से पहले मतदाताओं के लिए राहत की खबर, बीएलओ के सवालों से न घबराएं, 2003 के वोट की जानकारी साझा करें

देहरादून | 20 दिसंबर 2025

प्री-एसआईआर मैपिंग शुरू, घर-घर पहुंच रहे बीएलओ

उत्तराखंड में चुनाव आयोग के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) से पहले प्री-एसआईआर मैपिंग का कार्य तेज हो गया है। इस प्रक्रिया के तहत बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) घर-घर जाकर मतदाताओं का डाटा अपडेट कर रहे हैं। यदि बीएलओ आपसे वर्ष 2003 के वोट से संबंधित जानकारी पूछें, तो घबराने की जरूरत नहीं है। सरल और स्पष्ट जानकारी देने से आगे चलकर एसआईआर इन्यूमरेशन फॉर्म भरने की प्रक्रिया आसान हो जाएगी।


मुख्य निर्वाचन अधिकारी की अपील, डरें नहीं मतदाता

मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. बीवीआरसी पुरुषोत्तम के निर्देश पर प्रदेशभर में यह प्री-एसआईआर गतिविधि संचालित की जा रही है। निर्वाचन कार्यालय के अनुसार, कई स्थानों पर मतदाता बीएलओ के सवालों को लेकर असहज या आशंकित नजर आ रहे हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल किसी भी प्रकार का दस्तावेज देना अनिवार्य नहीं है, केवल 2003 के वोट से जुड़ी मौखिक जानकारी ही पर्याप्त है।


जानकारी न हो तो भी नहीं होगी परेशानी

यदि किसी मतदाता को वर्ष 2003 के वोट से संबंधित जानकारी याद नहीं है या उपलब्ध नहीं हो पा रही है, तो चिंता करने की आवश्यकता नहीं है। अभी केवल मैपिंग की जा रही है, एसआईआर प्रक्रिया अभी शुरू नहीं हुई है। एसआईआर आरंभ होने पर मतदाता अपने इन्यूमरेशन फॉर्म के साथ आवश्यक विवरण और दस्तावेज प्रस्तुत कर सकते हैं। चुनाव आयोग का उद्देश्य इस पूरी प्रक्रिया को मतदाता-फ्रेंडली बनाना है।


पहले से कर लें ये जरूरी तैयारी

  • यदि वर्ष 2003 में आपका वोट उत्तराखंड या किसी अन्य राज्य में था, तो संबंधित राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट पर जाकर मतदाता सूची में अपना नाम खोजें और उसका प्रिंटआउट सुरक्षित रखें।

  • यदि 2003 में आपका वोट नहीं था, तो माता-पिता की वोटर लिस्ट की जानकारी जुटाकर उसका प्रिंटआउट रख सकते हैं।

  • यदि वोटर लिस्ट की जानकारी उपलब्ध नहीं हो पा रही है, तो नीचे दिए गए 12 मान्य दस्तावेजों में से कोई एक तैयार रखें:

    • आधार कार्ड

    • पासपोर्ट

    • ड्राइविंग लाइसेंस

    • पैन कार्ड

    • सरकारी/अर्ध-सरकारी पहचान पत्र

    • छात्र पहचान पत्र

    • बिजली, पानी या टेलीफोन (मोबाइल/लैंडलाइन) बिल

    • बैंक या डाकघर की पासबुक (पता अंकित)

    • राशन कार्ड

    • किराया अनुबंध

    • सरकारी आवास आवंटन पत्र/आवास प्रमाण

    • गैस कनेक्शन की रसीद या बुक


निष्कर्ष

प्री-एसआईआर मैपिंग को लेकर मतदाताओं को भ्रमित या भयभीत होने की आवश्यकता नहीं है। बीएलओ द्वारा पूछी जा रही जानकारी केवल आगामी एसआईआर प्रक्रिया को सरल और पारदर्शी बनाने के लिए है। समय रहते आवश्यक जानकारी और दस्तावेज तैयार रखने से न केवल आपका नाम मतदाता सूची में सुरक्षित रहेगा, बल्कि भविष्य में किसी प्रकार की असुविधा भी नहीं होगी।
सहयोग करें, जागरूक बनें और लोकतंत्र को मजबूत करें।

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