24 दिसंबर 2025 | बुधवार, स्थान: देहरादून
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को उत्तराखंड के गांधी कहे जाने वाले महान राज्य आंदोलनकारी स्वर्गीय इंद्रमणि बडोनी की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री आवास, देहरादून में उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर मुख्यमंत्री ने उनके योगदान को नमन किया।
संघर्ष और त्याग का प्रतीक था बडोनी का जीवन
राज्य निर्माण को दी नई दिशा
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि इंद्रमणि बडोनी का संपूर्ण जीवन संघर्ष, त्याग और जनसेवा की मिसाल है। उन्होंने उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलन को न केवल दिशा दी, बल्कि जन-जन को जोड़कर उसे जनआंदोलन का स्वरूप प्रदान किया। उनके अथक प्रयासों और दृढ़ संकल्प के कारण ही उत्तराखंड को अलग राज्य के रूप में पहचान मिली।
विचार और संकल्प आज भी प्रेरणास्रोत
जनहित सर्वोपरि रखने का संदेश
मुख्यमंत्री ने कहा कि श्री बडोनी के विचार, राज्यहित के प्रति उनका निस्वार्थ भाव और जनता के अधिकारों के लिए उनका अडिग संकल्प आज भी हम सभी के लिए प्रेरणास्रोत हैं। उन्होंने राजनीति को सेवा का माध्यम बनाकर समाज को नई दिशा देने का कार्य किया।
आदर्शों पर चलकर आगे बढ़ रही सरकार
सर्वश्रेष्ठ उत्तराखंड का लक्ष्य
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य सरकार इंद्रमणि बडोनी के आदर्शों और मूल्यों को आत्मसात करते हुए उत्तराखंड के सर्वांगीण विकास के लिए लगातार कार्य कर रही है। शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और बुनियादी ढांचे के सशक्तिकरण के माध्यम से उत्तराखंड को देश के अग्रणी राज्यों में शामिल करना सरकार का लक्ष्य है।
निष्कर्ष
बडोनी की विरासत बनी उत्तराखंड की शक्ति
इंद्रमणि बडोनी की जयंती पर मुख्यमंत्री द्वारा दी गई यह श्रद्धांजलि न केवल एक महान व्यक्तित्व के प्रति सम्मान है, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए उनके विचारों और संघर्ष से प्रेरणा लेने का संदेश भी है। बडोनी की विरासत आज भी उत्तराखंड की पहचान और आत्मबल बनी हुई है।


