लक्सर/देहरादून | 28 दिसंबर 2025
पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुख्यात हिस्ट्रीशीटर विनय त्यागी की मौत के बाद मामला और अधिक गंभीर होता जा रहा है। लक्सर में हुए गोलीकांड के बाद एम्स ऋषिकेश में इलाज के दौरान हुई मौत पर परिजनों ने कई सवाल खड़े किए हैं। अब परिवार ने पूरे घटनाक्रम की सीबीआई जांच की मांग करते हुए राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग को पत्र भेजा है।
बेटी तनवी का आरोप– पुलिस की भूमिका संदेह के घेरे में
विनय त्यागी की बेटी तनवी त्यागी ने मीडिया से बातचीत में कहा कि इस पूरे प्रकरण में पुलिस की निष्क्रियता साफ तौर पर सामने आई है। उन्होंने सवाल उठाया कि इतने संवेदनशील कैदी की पेशी के दौरान सुरक्षा व्यवस्था क्यों नाकाफी थी। परिवार का कहना है कि यदि समय रहते सख्त सुरक्षा इंतजाम होते, तो इस वारदात को टाला जा सकता था।
रिश्तेदारों ने भी उठाए गंभीर सवाल
मृतक की बुआ और ससुराल पक्ष ने भी घटना को लेकर कई गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उनका कहना है कि यह केवल एक गोलीकांड नहीं, बल्कि सुनियोजित हत्या है। उधर, त्यागी समाज विकास एवं कल्याण समिति की बैठक में विनय त्यागी की हत्या की कड़ी निंदा की गई और सर्वसम्मति से मामले की सीबीआई जांच की मांग की गई।
करोड़ों के काले धन के राज जानता था विनय त्यागी: बहन
मीडिया से बातचीत में विनय त्यागी की बहन तन्वी त्यागी ने दावा किया कि उनका भाई करोड़ों रुपये के काले धन से जुड़े कई राज जानता था। उन्होंने परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की और कहा कि विनय त्यागी की पत्नी पर दर्ज कथित झूठे मुकदमे तत्काल हटाए जाएं। परिजन प्रवीण त्यागी ने भी पुलिस की भूमिका पर सवाल उठाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की।
एफआईआर में जुड़ेंगी हत्या की धाराएं
विनय त्यागी की मौत के बाद पुलिस अब लक्सर कोतवाली में दर्ज प्राथमिकी में हत्या की धाराएं जोड़ने की तैयारी कर रही है। गौरतलब है कि 24 दिसंबर को नगर के फ्लाईओवर पर हुए शूटआउट के बाद पुलिस ने अज्ञात हमलावरों के खिलाफ जानलेवा हमले समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया था।
पेशी के दौरान हुआ था जानलेवा हमला
बुधवार को रुड़की कारागार से पेशी के लिए एसीजेएम कोर्ट लक्सर ले जाते समय दो हमलावरों ने विनय त्यागी पर अंधाधुंध फायरिंग कर दी थी। इस हमले में उसे तीन गोलियां लगी थीं। गंभीर हालत में उसे 24 दिसंबर की रात एम्स ऋषिकेश ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया था।
इलाज के दौरान मौत, परिवार में मचा कोहराम
एम्स में विभिन्न जांचों के बाद विनय त्यागी का ऑपरेशन किया गया और उसे वेंटिलेटर पर रखा गया था। लेकिन शनिवार सुबह करीब 7:35 बजे उसकी मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया और अस्पताल परिसर में भारी भीड़ जुट गई।
निष्कर्ष
विनय त्यागी की मौत ने न केवल सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि पुलिस की भूमिका को भी कटघरे में ला खड़ा किया है। परिवार की सीबीआई जांच की मांग और उच्च संवैधानिक पदों पर भेजे गए पत्रों से मामला और तूल पकड़ता नजर आ रहा है। अब सबकी नजर सरकार और जांच एजेंसियों के अगले कदम पर टिकी है, ताकि इस हाई-प्रोफाइल हत्याकांड से पर्दा उठ सके।





