देहरादून | 4 जनवरी 2026
सहस्त्रधारा रोड पर स्थित वेदांतपुरम क्षेत्र में श्री चन्द्रेश्वर महादेव विकास समिति द्वारा ज्ञान कॉन्ट्रैक्शन के माध्यम से कराए जा रहे निर्माण कार्य को लेकर स्थानीय निवासियों का लगातार विरोध प्रदर्शन जारी है। समिति एवं क्षेत्रवासियों का आरोप है कि निर्माण कार्य बिना किसी निर्धारित मानकों और आवश्यक अनुमति के किया जा रहा है, जिससे क्षेत्र में भारी असंतोष व्याप्त है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि संबंधित भूमि स्वामी द्वारा सरकारी भूमि पर भी अतिक्रमण कर निर्माण कार्य कराया जा रहा है। आरोप है कि निर्माणदाई कंपनी नियमों की अनदेखी करते हुए मनमाने ढंग से कार्य कर रही है। समिति के सदस्यों ने बताया कि जब भी स्थानीय जनता ने निर्माणदाई कंपनी से बातचीत कर स्थिति स्पष्ट करने का प्रयास किया, तो उन्हें कथित तौर पर धमकाया गया और गुंडागर्दी का सामना करना पड़ा।
इस पूरे मामले की जानकारी जिलाधिकारी देहरादून एवं स्थानीय विधायक को भी दी गई थी, जिसके बाद प्रशासनिक हस्तक्षेप से कुछ समय के लिए निर्माण कार्य को बंद करवाया गया। हालांकि, समिति का आरोप है कि अब कंपनी द्वारा आधी रात को मजदूरों से कार्य कराया जा रहा है, जिससे क्षेत्रवासियों को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय निवासियों ने बताया कि रात के समय कंपनी के भारी ट्रक तेज हॉर्न बजाते हुए इलाके में आते-जाते हैं। कई बार ट्रकों द्वारा बिजली के खंभों को टक्कर मारने की घटनाएं भी सामने आई हैं, जिससे आसपास रहने वाले लोगों में जान-माल के नुकसान का भय बना हुआ है।
समिति ने यह भी आरोप लगाया कि आवासीय परिसर के भीतर स्कूल का निर्माण किया जा रहा है। जब समिति के सदस्यों और स्थानीय लोगों ने इसका विरोध किया, तो निर्माणदाई संस्था द्वारा स्कूल भवन से संबंधित किसी भी प्रकार के वैध दस्तावेज या स्वीकृति के साक्ष्य मौके पर प्रस्तुत नहीं किए गए।
इसके साथ ही, कंपनी पर बिना किसी मानक के सरकारी सड़क को भी अधिग्रहण करने का आरोप लगाया गया है, जिससे क्षेत्र में आवागमन करने वाले वाहनों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों और श्री चन्द्रेश्वर महादेव विकास समिति ने सरकार और प्रशासन से मांग की है कि उक्त भूमि एवं निर्माण कार्य की निष्पक्ष जांच कराई जाए तथा सभी मानकों और अनुमतियों की गहन समीक्षा की जाए, ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार की दुर्घटना या अवैध गतिविधि को रोका जा सके।



