स्थान: गुच्चूपानी, देहरादून (उत्तराखंड) | तारीख: 30 अप्रैल 2026
देहरादून के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल गुच्चूपानी में गुरुवार को अचानक जलस्तर बढ़ने से बड़ा हादसा होते-होते टल गया। नदी के तेज बहाव के बीच सात पर्यटक टापूनुमा हिस्से में फंस गए, जिन्हें उत्तराखंड राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (SDRF) की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
जानकारी के अनुसार, शाम करीब 4:18 बजे आपदा कंट्रोल रूम को सूचना मिली कि गुच्चूपानी में जलस्तर अचानक बढ़ गया है और कुछ पर्यटक नदी के बीच फंसे हुए हैं। शुरुआती सूचना में तीन लोगों के फंसे होने की बात कही गई थी, लेकिन मौके पर पहुंचने पर संख्या सात पाई गई।
सूचना मिलते ही सहस्रधारा पोस्ट से अपर उपनिरीक्षक मनोज जोशी के नेतृत्व में SDRF की टीम आवश्यक उपकरणों के साथ तुरंत घटनास्थल के लिए रवाना हुई। मौके पर पहुंचकर टीम ने देखा कि सभी पर्यटक तेज बहाव के कारण बीच में बने टापूनुमा हिस्से पर फंसे हुए हैं और बाहर निकलना उनके लिए संभव नहीं था।
नदी का बहाव लगातार तेज होता जा रहा था, जिससे पर्यटकों में घबराहट का माहौल बन गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए SDRF टीम ने बिना समय गंवाए रेस्क्यू अभियान शुरू किया और कड़ी मशक्कत के बाद सभी को एक-एक कर सुरक्षित स्थान तक पहुंचाया।
रेस्क्यू किए गए पर्यटकों में रोहित (27) निवासी डोईवाला, मनीष (41) निवासी तिलक रोड ऋषिकेश, सागर थापा (22) निवासी डोईवाला, अंकित (40) निवासी चंद्र विहार काली चौक, नवजोत (31) निवासी प्रेमनगर, सौरभ सिंह (27) निवासी बड़ोवाला और मनीष (32) निवासी डोईवाला शामिल हैं।
राहत की बात यह रही कि इस पूरे घटनाक्रम में कोई जनहानि नहीं हुई। SDRF की तत्परता और पेशेवर कार्रवाई के चलते सभी पर्यटकों की जान बच गई और एक बड़ा हादसा टल गया।
प्रशासन ने पर्यटकों से अपील की है कि नदी-नालों और पहाड़ी क्षेत्रों में मौसम और जलस्तर को देखते हुए सतर्कता बरतें, क्योंकि अचानक जलस्तर बढ़ना खतरनाक साबित हो सकता है।
निष्कर्ष:
गुच्चूपानी की यह घटना एक बार फिर पहाड़ी पर्यटन स्थलों पर सावधानी की आवश्यकता को रेखांकित करती है। SDRF की मुस्तैदी ने जहां सात जिंदगियों को सुरक्षित बचा लिया, वहीं यह भी स्पष्ट कर दिया कि प्राकृतिक परिस्थितियों को हल्के में लेना गंभीर जोखिम पैदा कर सकता है।


