स्थान: गांधी पार्क, रुद्रपुर, ऊधम सिंह नगर, उत्तराखंड
दिनांक: 3 नवंबर 2026
रुद्रपुर। उत्तराखंड के ऊधम सिंह नगर जिले के रुद्रपुर में आयोजित भाजपा की ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ पदयात्रा के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विपक्षी दलों पर जमकर निशाना साधा। गांधी पार्क में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी, समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे पर तीखे राजनीतिक हमले किए।
मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर सनातन विरोधी सोच रखने, देश में भ्रम और अराजकता फैलाने तथा भारतीय सेना के शौर्य पर सवाल उठाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि विपक्ष के पास देश के विकास को लेकर कोई ठोस एजेंडा नहीं बचा है और उसकी राजनीति केवल विरोध तक सीमित रह गई है।
कांग्रेस पर तंज, मॉक संसद को लेकर भी उठाए सवाल
मुख्यमंत्री धामी ने कांग्रेस की मौजूदा राजनीतिक स्थिति पर कटाक्ष करते हुए कहा कि विपक्ष की हालत ऐसी हो गई है कि ‘900 चूहे खाकर बिल्ली हज को चली’। उन्होंने कहा कि जनता ने कांग्रेस को संसद में नकार दिया है, लेकिन अब विपक्ष मॉक संसद के माध्यम से भी अपनी राजनीतिक मंशा पूरी करने में जुटा है।
उन्होंने कांग्रेस की दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित रैली पर भी सवाल उठाए। मुख्यमंत्री के मुताबिक, दीपावली के बाद भी रैली आयोजित की जा सकती थी, लेकिन व्यापारियों की परेशानियों को नजरअंदाज करते हुए बाजार और दुकानें बंद कराई गईं। इससे व्यापारियों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा।
राहुल गांधी पर अजीत डोभाल के अपमान का लगाया आरोप
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने राहुल गांधी पर राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल के खिलाफ कथित तौर पर आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड का देश की सेना में विशेष योगदान है और भारतीय सेना में हर पांचवां जवान उत्तराखंड से आता है।
धामी ने कहा कि सेना के शौर्य और उसकी कार्रवाई पर सवाल उठाना प्रदेश के सैनिकों, शहीदों और उनके परिवारों का अपमान है।
सर्जिकल स्ट्राइक का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि कांग्रेस के नेता कभी सेना से कार्रवाई के सबूत मांगते हैं तो कभी देश की सुरक्षा से जुड़े संवेदनशील मुद्दों पर सवाल खड़े करते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि कांग्रेस के नेताओं को अपने ही नेता की बातें स्वीकार नहीं हैं तो उन्हें खुलकर उनका विरोध करना चाहिए।

खटीमा और रामपुर तिराहा कांड को लेकर अखिलेश यादव पर निशाना
मुख्यमंत्री धामी ने उत्तराखंड राज्य आंदोलन के दौरान हुए खटीमा गोलीकांड और रामपुर तिराहा कांड का मुद्दा उठाकर समाजवादी पार्टी पर भी हमला बोला।
उन्होंने कहा कि खटीमा गोलीकांड में सात लोगों की जान गई थी और कई लोग घायल हुए थे। वहीं, रामपुर तिराहा कांड में आंदोलनकारियों के साथ हुई घटनाओं ने मानवता को शर्मसार किया था। मुख्यमंत्री ने इन घटनाओं के लिए तत्कालीन मुलायम सिंह यादव के नेतृत्व वाली समाजवादी पार्टी सरकार को जिम्मेदार ठहराया।
उन्होंने अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि उत्तराखंड के लोगों के लिए उन घटनाओं के जख्म आज भी ताजा हैं। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि अखिलेश यादव ने उत्तराखंड के लोगों को घुसपैठिया कहकर उनका अपमान किया है।
खड़गे पर हल्द्वानी की रैली को लेकर साधा निशाना
मुख्यमंत्री ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि हल्द्वानी में आयोजित एक रैली के दौरान कथित तौर पर लगाए गए जिहादी और उन्मादी नारों पर कांग्रेस नेतृत्व ने चुप्पी साधे रखी।
धामी ने कहा कि कांग्रेस के नेता अपनी राजनीतिक सुविधा के अनुसार मुद्दों पर प्रतिक्रिया देते हैं। जहां उन्हें बोलना चाहिए, वहां चुप रहते हैं और जहां राजनीतिक लाभ दिखाई देता है, वहां विरोध शुरू कर देते हैं।
उन्होंने कांग्रेस पर झूठ और भ्रम की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी को न्याय यात्रा निकालने के बजाय अपने शासनकाल में हुई गलतियों के लिए प्रायश्चित यात्रा निकालनी चाहिए।
मुख्यमंत्री ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने की मांग और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सत्ता से हटाने संबंधी विपक्षी बयानों पर भी आपत्ति जताई।
‘मोहब्बत की दुकान’ पर भी मुख्यमंत्री ने कसा तंज
राहुल गांधी की ‘मोहब्बत की दुकान’ वाली राजनीतिक टिप्पणी पर पलटवार करते हुए धामी ने कहा कि अब उनकी मोहब्बत की दुकान घाटे में चल रही है और झूठ की दुकान भी जल्द बंद हो जाएगी।
उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के कथन का उल्लेख करते हुए कांग्रेस पर निशाना साधा। मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस जब सत्ता में रहती है तो जनता के लिए खतरनाक साबित होती है और सत्ता से बाहर रहने पर देश के लिए खतरा बन जाती है।
उत्तराखंड में विकास कार्यों को बताया सरकार की उपलब्धि
राजनीतिक हमलों के साथ मुख्यमंत्री ने प्रदेश में भाजपा सरकार के कार्यकाल में हुए विकास कार्यों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि जनता ने कांग्रेस को लगातार नकारा है और प्रदेश में भाजपा सरकार विकास के एजेंडे पर काम कर रही है।
धामी ने प्रमुख परियोजनाओं का उल्लेख करते हुए बताया कि:
पंतनगर एयरपोर्ट को अंतरराष्ट्रीय स्तर के एयरपोर्ट के रूप में विकसित करने की स्वीकृति मिल चुकी है।
ऊधम सिंह नगर के खुरपिया में इंडस्ट्रियल स्मार्ट सिटी का काम शुरू हो गया है।
जमरानी बांध परियोजना से जुड़ी बाधाएं दूर की गई हैं।
प्रदेश में एम्स की स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं से आगामी चुनावों के लिए तैयार रहने और प्रदेश में भाजपा की नीतियों एवं विकास कार्यों को जनता तक पहुंचाने का आह्वान किया।
मुख्यमंत्री से मिलने पहुंचे युवक को पुलिस ने रोका, कुछ देर हुआ हंगामा
जनसभा के दौरान उस समय कुछ देर के लिए स्थिति असहज हो गई, जब अपनी फरियाद लेकर एक युवक मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मिलने पहुंचा। आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने युवक को मुख्यमंत्री तक पहुंचने से रोक दिया और उसे वहां से बाहर कर दिया।
इस घटना के बाद मौके पर कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। मामला सामने आने पर भाजपा जिलाध्यक्ष मंच से नीचे उतरे और युवक के पास पहुंचकर उसकी समस्या सुनने का प्रयास किया।
गांधी पार्क से शुरू हुई पदयात्रा, बाजारों से होकर गुजरे भाजपा नेता
जनसभा समाप्त होने के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, सांसद अजय भट्ट, कैबिनेट मंत्री सौरभ बहुगुणा, विधायक शिव अरोरा समेत पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं और कार्यकर्ताओं ने पदयात्रा में हिस्सा लिया।
यह पदयात्रा गांधी पार्क से शुरू होकर बाटा चौक, मेन बाजार, हरि मंदिर और काशीपुर बाईपास होते हुए अग्रसेन चौक पहुंची। इसके बाद यात्रा वापस गांधी पार्क पहुंचकर संपन्न हुई।
इस दौरान भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने पार्टी की नीतियों तथा केंद्र और राज्य सरकार की उपलब्धियों को जनता तक पहुंचाने का प्रयास किया।
निष्कर्ष: रुद्रपुर में आयोजित भाजपा की इस पदयात्रा और जनसभा के दौरान मुख्यमंत्री धामी का पूरा संबोधन कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर राजनीतिक हमलों के इर्द-गिर्द रहा। उन्होंने जहां विपक्ष को सनातन, सेना और राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दों पर घेरा, वहीं उत्तराखंड में भाजपा सरकार की विकास परियोजनाओं को भी अपनी उपलब्धियों के रूप में पेश किया। कार्यक्रम के दौरान युवक को मुख्यमंत्री से मिलने से रोके जाने की घटना भी चर्चा का विषय बनी।


