ऋषिकेश, देहरादून | 1 सितंबर 2026
ऋषिकेश में नाबालिग छात्रा के साथ कथित दुष्कर्म के मामले को लेकर क्षेत्र में लोगों का आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। घटना के दो दिन बाद गुस्साए लोगों ने उस होटल के बाहर पहुंचकर विरोध प्रदर्शन किया, जहां कथित तौर पर वारदात हुई थी। प्रदर्शन के दौरान कुछ लोगों ने होटल में तोड़फोड़ भी की, जिसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित किया।
मामले में मुख्य आरोपी अभी पुलिस की गिरफ्त से बाहर बताया जा रहा है। उसकी तलाश के लिए पुलिस की अलग-अलग टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। वहीं, घटना वाले होटल के प्रबंधन और संचालक की भूमिका भी पुलिस जांच के दायरे में आ गई है।
घटना वाले होटल के बाहर प्रदर्शन, भीड़ ने की तोड़फोड़
नाबालिग के साथ कथित दुष्कर्म की घटना सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में भारी रोष देखा जा रहा है। मंगलवार को बड़ी संख्या में लोग घटना वाले होटल के बाहर पहुंचे और विरोध प्रदर्शन किया।
इस दौरान आक्रोशित लोगों ने होटल में तोड़फोड़ कर अपना गुस्सा जाहिर किया। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को शांत कराने के साथ ही स्थिति को नियंत्रण में लिया।
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे कानून को अपने हाथ में न लें और किसी भी प्रकार की हिंसा या तोड़फोड़ से बचें।
आरोपी की तलाश में लगातार दबिश दे रही पुलिस
ऋषिकेश पुलिस के अनुसार फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए अभियान तेज कर दिया गया है। पुलिस की कई टीमें आरोपी के संभावित ठिकानों और उससे जुड़े लोगों के बारे में जानकारी जुटा रही हैं।
जांच में सामने आया है कि आरोपी ऋषिकेश क्षेत्र के बाहर का रहने वाला बताया जा रहा है। पुलिस उसके संभावित ठिकानों के साथ-साथ परिचितों और अन्य स्थानों पर भी जानकारी जुटा रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी की गिरफ्तारी के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं और जल्द उसे पकड़ने के लिए लगातार कार्रवाई जारी है।
सोशल मीडिया के माध्यम से हुआ था संपर्क
पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि पीड़िता और आरोपी के बीच संपर्क एक सोशल मीडिया ऐप के माध्यम से हुआ था। बातचीत बढ़ने के बाद आरोपी ने कथित तौर पर नाबालिग छात्रा को होटल बुलाया।
शिकायत के अनुसार होटल पहुंचने के बाद नाबालिग के साथ दुष्कर्म किया गया। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया।
पुलिस इस पूरे घटनाक्रम की डिजिटल और अन्य साक्ष्यों के आधार पर जांच कर रही है।
29 अगस्त को सामने आया था मामला
यह मामला 29 अगस्त को सामने आया था। पुलिस को दी गई शिकायत में 16 वर्षीय छात्रा ने आरोपी पर गंभीर आरोप लगाए थे।
शिकायत के आधार पर पुलिस ने दुष्कर्म और पॉक्सो अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। नाबालिग से जुड़े मामलों में पुलिस विशेष सावधानी के साथ जांच कर रही है और पीड़िता की पहचान को गोपनीय रखा जा रहा है।
पुलिस ने आम लोगों और सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं से भी अपील की है कि पीड़िता की पहचान से जुड़ी किसी भी जानकारी, फोटो या अन्य विवरण को सार्वजनिक न किया जाए।
होटल संचालक की भूमिका भी जांच के घेरे में
घटना जिस होटल में होने का आरोप लगाया गया है, उसके प्रबंधन और संचालक की भूमिका की भी पुलिस जांच कर रही है।
ऋषिकेश कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक यशपाल बिष्ट ने बताया कि होटल संचालक को पूछताछ के लिए बुलाया गया है और उससे घटना से संबंधित जानकारी ली जा रही है।
उन्होंने कहा कि पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
महिला आयोग अध्यक्ष कुसुम कंडवाल ने एम्स पहुंचकर जाना पीड़िता का हाल
मामले की गंभीरता को देखते हुए उत्तराखंड राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कंडवाल भी सक्रिय हो गई हैं। उन्होंने एम्स ऋषिकेश पहुंचकर पीड़िता और उसके परिवार से मुलाकात की तथा उनके स्वास्थ्य और उपचार की जानकारी ली।
कुसुम कंडवाल ने पीड़िता के परिजनों को बेहतर इलाज, सुरक्षा और न्याय दिलाने का भरोसा दिया। उन्होंने कहा कि महिला आयोग पीड़िता के अधिकारों की रक्षा और उसे न्याय दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है।
उन्होंने मामले में वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के साथ भी समन्वय किया और फरार आरोपी की गिरफ्तारी में तेजी लाने की बात कही।
दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग
घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश बना हुआ है। क्षेत्रवासियों की मांग है कि मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की जाए तथा घटना में दोषी पाए जाने वाले सभी लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
लोगों का कहना है कि नाबालिगों की सुरक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए और जांच पूरी पारदर्शिता के साथ की जानी चाहिए।
पुलिस ने की शांति बनाए रखने की अपील
होटल में हुई तोड़फोड़ की घटना के बाद पुलिस ने लोगों से संयम बनाए रखने की अपील की है। पुलिस का कहना है कि आरोपी की गिरफ्तारी और पूरे मामले की जांच के लिए कार्रवाई लगातार जारी है।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि किसी भी व्यक्ति को कानून अपने हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जा सकती। तोड़फोड़ और हिंसा जैसी घटनाओं से कानून-व्यवस्था की स्थिति प्रभावित हो सकती है।
पुलिस होटल प्रबंधन की भूमिका, आरोपी की गतिविधियों और मामले से जुड़े सभी तथ्यों की जांच कर रही है।
निष्कर्ष
ऋषिकेश में नाबालिग छात्रा के साथ कथित दुष्कर्म का मामला गंभीर रूप लेता जा रहा है। घटना को लेकर जहां स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है, वहीं पुलिस फरार आरोपी की तलाश में लगातार दबिश दे रही है।
घटना वाले होटल में हुई तोड़फोड़ के बाद पुलिस ने कानून अपने हाथ में न लेने की अपील की है। दूसरी ओर होटल संचालक और प्रबंधन की भूमिका भी जांच के दायरे में है। महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कंडवाल ने भी पीड़िता और उसके परिवार से मुलाकात कर बेहतर इलाज, सुरक्षा और न्याय दिलाने का भरोसा दिया है।
फिलहाल पुलिस आरोपी की गिरफ्तारी और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच में जुटी हुई है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


