स्थान: देहरादून, उत्तराखंड
दिनांक: 31 अक्टूबर 2026
देहरादून: राजधानी देहरादून के एक प्रतिष्ठित स्कूल में छात्राओं के साथ कथित गलत व्यवहार का मामला लगातार तूल पकड़ता जा रहा है। छात्रा की ओर से शिक्षक पर बैड टच के आरोप लगाए जाने के बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज तो कर लिया, लेकिन एक सप्ताह बीतने के बावजूद आरोपी शिक्षक की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। इससे पीड़ित छात्रा का परिवार नाराज है। अब छात्रा की मां ने पुलिस को रविवार तक आरोपी की गिरफ्तारी का अल्टीमेटम देते हुए 2 नवंबर से स्कूल के बाहर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू करने की चेतावनी दी है।
24 अक्टूबर को दर्ज हुई थी एफआईआर, गिरफ्तारी नहीं होने पर उठाए सवाल
पीड़िता की मां के मुताबिक, 24 अक्टूबर को डालनवाला कोतवाली में आरोपी शिक्षक के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई गई थी। इसके आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया था। हालांकि, मामला दर्ज होने के बाद भी अब तक आरोपी शिक्षक की गिरफ्तारी नहीं हुई है।
मां ने पुलिस की जांच प्रक्रिया पर नाराजगी जताते हुए आरोप लगाया कि मामले में कार्रवाई बेहद धीमी गति से हो रही है। उनका कहना है कि जब तक आरोपी शिक्षक और स्कूल प्रबंधन के जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा।
अन्य छात्राओं को बयान देने से रोकने का लगाया आरोप
पीड़िता की मां ने स्कूल में जांच के दौरान दूसरे विद्यार्थियों के साथ कथित तौर पर दबाव बनाए जाने के भी आरोप लगाए हैं।
उनके अनुसार, पुलिस उन्हें और उनकी बेटी को लेकर स्कूल पहुंची थी, ताकि मामले से जुड़े अन्य विद्यार्थियों से भी बातचीत की जा सके। इस दौरान कुछ बच्चे अपनी बात रखने के लिए सामने आए। मां का दावा है कि दो छात्र और एक छात्रा ने मामले को लेकर जानकारी देने की इच्छा जताई, लेकिन स्कूल के एक शिक्षक ने उन्हें घूरकर डराने का प्रयास किया।
इसके अलावा मां ने एक शिक्षिका पर भी आरोप लगाया कि उन्होंने दूसरी छात्राओं को इस मामले में बयान नहीं देने के लिए कहा। पीड़िता की मां का कहना है कि अन्य छात्राओं के बयान जांच के लिए महत्वपूर्ण हो सकते हैं, क्योंकि उनके अनुसार स्कूल में अन्य बच्चों के साथ भी कथित तौर पर गलत व्यवहार हुआ है।
स्कूल डायरेक्टर और प्रिंसिपल की भूमिका पर भी उठाए सवाल
मामले में पीड़िता की मां ने स्कूल के डायरेक्टर और प्रिंसिपल पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका दावा है कि घटना की जानकारी घर पर नहीं बताने और पूरे मामले को दबाने में स्कूल प्रबंधन की भूमिका रही है।
मां ने डायरेक्टर पर अपनी बेटी से घटना को दोबारा छूकर दिखाने जैसी बात कहने का आरोप भी लगाया है। उन्होंने मांग की है कि केवल आरोपी शिक्षक ही नहीं, बल्कि मामले में कथित रूप से जिम्मेदार स्कूल प्रबंधन के अधिकारियों की भूमिका की भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि और पुलिस जांच के निष्कर्ष अभी सामने नहीं आए हैं।
2 नवंबर सुबह 10 बजे से भूख हड़ताल का ऐलान
आरोपी शिक्षक की गिरफ्तारी नहीं होने से नाराज पीड़िता की मां ने अब आंदोलन का रास्ता अपनाने की चेतावनी दी है। उन्होंने पुलिस को रविवार तक का समय देते हुए कहा है कि यदि इस अवधि में आरोपी शिक्षक की गिरफ्तारी नहीं होती है, तो वह 2 नवंबर को सुबह 10 बजे से स्कूल के बाहर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू करेंगी।
मां का कहना है कि उनकी लड़ाई सिर्फ अपनी बेटी को न्याय दिलाने तक सीमित नहीं है, बल्कि स्कूल में पढ़ने वाली अन्य छात्राओं की सुरक्षा भी उनके लिए महत्वपूर्ण है। जब तक आरोपी और मामले में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती, उनका आंदोलन जारी रहेगा।
पुलिस का पक्ष: अन्य छात्राओं से भी जुटाए जा रहे साक्ष्य
एसपी सिटी शेखर चंद्र सुयाल ने बताया कि मामले की जांच लगातार जारी है। जांच अधिकारी पीड़ित छात्रा के बयान दर्ज कर चुकी हैं। फिलहाल आरोपी शिक्षक से पूछताछ नहीं हुई है।
उन्होंने बताया कि पुलिस अन्य छात्राओं से भी संपर्क करने का प्रयास कर रही है, ताकि मामले से जुड़े सभी आवश्यक साक्ष्य जुटाए जा सकें। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आरोपी शिक्षक के साथ-साथ स्कूल के डायरेक्टर और प्रिंसिपल की भूमिका पर भी आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
निष्कर्ष
देहरादून के इस स्कूल में छात्राओं के साथ कथित गलत व्यवहार का मामला अब पुलिस जांच के साथ-साथ अभिभावकों के आक्रोश का विषय भी बन गया है। एक ओर पीड़िता का परिवार आरोपी शिक्षक की गिरफ्तारी और स्कूल प्रबंधन की जवाबदेही तय करने की मांग कर रहा है, वहीं पुलिस अन्य छात्राओं के बयान और साक्ष्य जुटाने में लगी है। अब सबकी नजरें पुलिस की आगामी कार्रवाई और 2 नवंबर से प्रस्तावित भूख हड़ताल पर टिकी हैं। मामले में निष्पक्ष जांच और छात्राओं की सुरक्षा सुनिश्चित करना प्रशासन के सामने अहम चुनौती है।


