स्थान: ऋषिकेश, देहरादून (उत्तराखंड)
दिनांक: 31 अक्टूबर 2026
ऋषिकेश: राजकीय उप जिला चिकित्सालय ऋषिकेश की इमरजेंसी में एक महिला द्वारा डॉक्टर के साथ अभद्रता और गाली-गलौज करने का मामला सामने आया है। आरोप है कि महिला ने विवाद के दौरान चिकित्सक पर पानी की बोतल भी फेंक दी। घटना 25 अक्टूबर की रात की बताई जा रही है। अस्पताल में मौजूद एक कर्मचारी ने पूरी घटना का वीडियो अपने मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिया, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। हालांकि, वीडियो सामने आने के बाद महिला ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए डॉक्टर से माफी मांग ली, जिसके बाद चिकित्सक ने भी उसे माफ कर दिया।
तपोवन से 108 एंबुलेंस के जरिए अस्पताल लाई गई थी महिला
अस्पताल प्रशासन के अनुसार, तपोवन क्षेत्र में हंगामा कर रही एक महिला को 108 एंबुलेंस की मदद से राजकीय उप जिला चिकित्सालय पहुंचाया गया था। महिला को इमरजेंसी में लाया गया, जहां मौजूद चिकित्सक ने उसकी देखरेख शुरू की।
इसी दौरान महिला अचानक डॉक्टर के साथ अभद्र व्यवहार करने लगी। जब चिकित्सक ने उसके व्यवहार पर आपत्ति जताई तो महिला ने गाली-गलौज शुरू कर दी। मामला यहीं नहीं रुका और महिला ने डॉक्टर की तरफ पानी की बोतल फेंक दी।
अस्पताल कर्मचारी ने मोबाइल में रिकॉर्ड किया पूरा घटनाक्रम
इमरजेंसी में हुए इस हंगामे के दौरान अस्पताल के एक चिकित्सा कर्मचारी ने अपने मोबाइल फोन से पूरी घटना का वीडियो बना लिया। घटना की गंभीरता को देखते हुए चिकित्सक ने ऋषिकेश कोतवाली पुलिस को सूचना दी।
जानकारी मिलने पर महिला पुलिसकर्मी अस्पताल पहुंचीं और महिला को समझाया। पुलिसकर्मी ने उसे चिकित्सकों के साथ मर्यादित व्यवहार करने की चेतावनी भी दी।
नशे में होने की बात स्वीकार कर महिला ने मांगी माफी
पुलिस और अस्पताल कर्मचारियों के समझाने के बाद महिला ने स्वीकार किया कि वह नशे की हालत में थी। इसके बाद उसने अपने व्यवहार के लिए चिकित्सक से माफी मांगी। महिला के माफी मांगने पर डॉक्टर ने भी उसे माफ कर दिया।
इस मामले में फिलहाल किसी कानूनी कार्रवाई की जानकारी सामने नहीं आई है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
25 अक्टूबर की रात हुई इस घटना का वीडियो बीते शुक्रवार रात से सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहा है। वीडियो में महिला और चिकित्सक के बीच हुई बहस तथा हंगामे का घटनाक्रम दिखाई देने की बात कही जा रही है। इसके बाद अस्पताल में मरीजों और स्वास्थ्यकर्मियों की सुरक्षा को लेकर भी चर्चा शुरू हो गई है।
निष्कर्ष
ऋषिकेश के सरकारी अस्पताल की इमरजेंसी में हुई यह घटना स्वास्थ्यकर्मियों के साथ मरीजों और तीमारदारों के व्यवहार से जुड़े सवाल खड़े करती है। आपातकालीन विभाग में डॉक्टर और मेडिकल स्टाफ लगातार मरीजों को सेवाएं देते हैं। ऐसे में अस्पताल परिसर में अनुशासन और सुरक्षित माहौल बनाए रखना जरूरी है। फिलहाल महिला की ओर से माफी मांगने के बाद मामला शांत हो गया है और घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है।


