देहरादून, उत्तराखंड | मंगलवार, 26 मई 2026
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी आगामी चार और पांच जून को दो दिवसीय उत्तराखंड दौरे पर आएंगे। करीब चार वर्षों के लंबे अंतराल के बाद राहुल गांधी का यह दौरा कांग्रेस संगठन के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पार्टी नेतृत्व इसे आगामी विधानसभा चुनावों से पहले बड़े राजनीतिक संदेश और चुनावी अभियान की शुरुआत के रूप में देख रहा है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने राहुल गांधी के कार्यक्रम की पुष्टि करते हुए कहा कि उनके दौरे से प्रदेशभर के कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा और उत्साह का संचार होगा।
कांग्रेस के अनुसार राहुल गांधी चार जून को सबसे पहले कुमाऊं मंडल के अल्मोड़ा में एक बड़ी जनसभा को संबोधित करेंगे। इसके बाद वह गढ़वाल मंडल के पौड़ी पहुंचेंगे, जहां पूर्व सैनिक सम्मेलन में हिस्सा लेकर पूर्व सैनिकों और युवाओं से संवाद करेंगे।
पार्टी नेताओं का मानना है कि कुमाऊं और गढ़वाल दोनों मंडलों में आयोजित ये रैलियां आगामी चुनावों के लिए कांग्रेस का औपचारिक चुनावी शंखनाद साबित होंगी।
पौड़ी में आयोजित होने वाले पूर्व सैनिक सम्मेलन को कांग्रेस विशेष रूप से महत्वपूर्ण मान रही है। उत्तराखंड में बड़ी संख्या में पूर्व सैनिक और सैन्य परिवार निवास करते हैं, जिनका चुनावी राजनीति में अहम प्रभाव माना जाता है।
राहुल गांधी इस सम्मेलन में पूर्व सैनिकों की समस्याओं, वन रैंक वन पेंशन, रोजगार, अग्निवीर भर्ती योजना और सैन्य परिवारों से जुड़े मुद्दों पर चर्चा करेंगे। कांग्रेस का प्रयास है कि सैन्य पृष्ठभूमि वाले मतदाताओं के बीच अपनी पकड़ मजबूत की जाए।
राहुल गांधी इससे पहले दिसंबर 2021 में विजय दिवस समारोह के दौरान देहरादून आए थे। इसके बाद से वह उत्तराखंड के दौरे पर नहीं आए। ऐसे में करीब चार साल बाद होने वाला यह दौरा राजनीतिक दृष्टि से काफी अहम माना जा रहा है।
कांग्रेस संगठन लंबे समय से राहुल गांधी के उत्तराखंड दौरे की तैयारी कर रहा था और अब कार्यक्रम तय होने के बाद प्रदेशभर के कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल है।
दौरे के दूसरे दिन यानी पांच जून को राहुल गांधी देहरादून में पार्टी के वरिष्ठ नेताओं, विधायकों, पूर्व मंत्रियों, पूर्व विधायकों और कांग्रेस के विभिन्न अनुषांगिक संगठनों के पदाधिकारियों के साथ बैठक करेंगे।
इसके अलावा जिला कांग्रेस कमेटियों के अध्यक्षों और प्रदेश पदाधिकारियों से भी अलग-अलग फीडबैक लिया जाएगा। बैठक में आगामी विधानसभा चुनाव की रणनीति, संगठन विस्तार, बूथ प्रबंधन और भाजपा सरकार के खिलाफ जन मुद्दों को लेकर विस्तृत चर्चा होने की संभावना है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने कहा कि राहुल गांधी का दौरा संगठन के लिए नई ताकत लेकर आएगा। उन्होंने बताया कि कांग्रेस पार्टी दो दिवसीय कार्यक्रम की तैयारियों में पूरी ताकत से जुट गई है।
प्रदेशभर से कार्यकर्ताओं को रैलियों और बैठकों में शामिल करने के लिए विशेष तैयारियां की जा रही हैं। कांग्रेस इसे आगामी चुनावों के लिए संगठनात्मक मजबूती और कार्यकर्ताओं में जोश भरने का बड़ा अवसर मान रही है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि राहुल गांधी का यह दौरा भाजपा और कांग्रेस के बीच राजनीतिक मुकाबले को और तेज कर सकता है। विशेष रूप से पूर्व सैनिकों, युवाओं और बेरोजगारी जैसे मुद्दों को कांग्रेस आगामी चुनावों में प्रमुखता से उठाने की रणनीति पर काम कर रही है।
निष्कर्ष
करीब चार साल बाद राहुल गांधी का उत्तराखंड दौरा कांग्रेस के लिए नई राजनीतिक ऊर्जा लेकर आने वाला माना जा रहा है। कुमाऊं और गढ़वाल में प्रस्तावित रैलियों के जरिए कांग्रेस आगामी चुनावों का माहौल बनाने की तैयारी में है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि राहुल गांधी का यह दौरा पार्टी संगठन और प्रदेश की राजनीति पर कितना प्रभाव छोड़ता है तथा कांग्रेस इसे चुनावी बढ़त में बदलने में कितनी सफल होती है।


