दिनांक: 23 सितंबर 2026
स्थान: विकासनगर, देहरादून
देहरादून जिले के विकासनगर क्षेत्र में तड़के एक स्कूल परिसर में बने आवास में घुसकर बदमाशों ने परिवार को बंधक बना लिया। बदमाशों ने घर में मौजूद दंपती और उनके बेटे के साथ मारपीट की और अलमारी में रखी नकदी व जेवरात लेकर फरार हो गए। पीड़ित परिवार के अनुसार, बदमाशों ने स्कूल के प्रिंसिपल को जान से मारने की सुपारी मिलने की बात भी कही और घटना के बारे में किसी को बताने पर परिवार को जान से मारने की धमकी दी।
घटना विकासनगर के बरोटीवाला क्षेत्र में जमनीपुर रोड स्थित ग्रेट वैल्यू स्कूल परिसर की बताई जा रही है। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। पुलिस ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाने के लिए फोरेंसिक टीम को भी बुलाया।
रात करीब सवा तीन बजे घर में दाखिल हुए बदमाश
जानकारी के मुताबिक स्कूल परिसर में बने आवास में गोपाल सिंह राठौर अपनी पत्नी नीलम राठौर और बेटे के साथ रहते हैं। नीलम राठौर के अनुसार, मंगलवार तड़के करीब 3:15 बजे उन्हें घर के अंदर किसी की मौजूदगी का अहसास हुआ।
उन्होंने बताया कि दो लोग मुंह पर कपड़ा बांधकर कमरे में दाखिल हुए थे। जब उन्होंने बदमाशों से पूछा कि वे कौन हैं और घर में क्यों आए हैं, तो आरोप है कि दोनों ने गोपाल सिंह राठौर और नीलम के साथ मारपीट शुरू कर दी।
नीलम के मुताबिक उन्होंने हाथ जोड़कर बदमाशों से पूछा कि आखिर उनकी क्या गलती है, लेकिन आरोपियों ने उनकी बात नहीं सुनी और प्रिंसिपल के बारे में पूछताछ शुरू कर दी।
प्रिंसिपल को मारने की सुपारी मिलने की कही बात
पीड़ित परिवार का कहना है कि बदमाशों ने स्कूल के प्रिंसिपल के बारे में जानकारी मांगी। नीलम ने उन्हें बताया कि प्रिंसिपल विकासनगर में रहते हैं और वह खुद स्कूल परिसर में देखभाल के लिए रहती हैं।
नीलम के अनुसार, इसके बाद बदमाशों ने उन्हें धमकाते हुए कहा कि उन्हें प्रिंसिपल को मारने की सुपारी मिली है। आरोप है कि बदमाशों ने परिवार को चेतावनी दी कि अगर उन्होंने शोर मचाया या किसी को घटना की जानकारी दी तो उन्हें भी नुकसान पहुंचाया जाएगा। चुप रहने पर उन्हें कुछ नहीं करने की बात कही गई।
पुलिस अब पीड़ित परिवार के इस बयान के आधार पर प्रिंसिपल को लेकर सामने आए कथित हत्या की साजिश के एंगल की भी जांच कर रही है।
नकदी और करीब 90 हजार रुपये के जेवर ले गए
पीड़ित नीलम राठौर का आरोप है कि परिवार को धमकाने के बाद बदमाशों ने घर में रखी अलमारियों की तलाशी ली। आरोपियों ने वहां से नकदी और करीब 90 हजार रुपये कीमत के जेवरात निकाल लिए।
लूटपाट के बाद बदमाशों ने परिवार के तीनों सदस्यों के हाथ बांध दिए और कमरे का दरवाजा बाहर से बंद कर दिया। इसके बाद आरोपी मौके से फरार हो गए।
खिड़की खोलकर पड़ोसियों से मांगी मदद
बदमाशों के जाने के बाद नीलम राठौर ने किसी तरह कमरे की खिड़की खोली और पड़ोसियों को आवाज लगाकर मदद के लिए बुलाया। उस समय करीब चार बज चुके थे।
आवाज सुनकर पड़ोसी मौके पर पहुंचे और उन्होंने घर का गेट खोला। इसके बाद पुलिस को घटना की जानकारी दी गई। सूचना मिलने के करीब 4:20 बजे पुलिस टीम मौके पर पहुंची और परिवार से पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली।
तीन बदमाशों के आने का दावा
पीड़ित परिवार के मुताबिक, वारदात में कुल तीन बदमाश शामिल थे। इनमें से दो बदमाश घर के अंदर पहुंचे, जबकि तीसरा बाहर खड़ा रहा। नीलम राठौर के अनुसार, एक आरोपी के हाथ में मोटा डंडा था, जबकि दूसरे के पास लोहे की रॉड थी।
आरोप है कि इसी रॉड से गोपाल सिंह राठौर के साथ मारपीट की गई। पुलिस अब आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान करने का प्रयास कर रही है।
फोरेंसिक टीम ने जुटाए साक्ष्य
मामले की सूचना मिलने के बाद पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। फोरेंसिक टीम को भी मौके पर बुलाया गया, जिसने घटनास्थल से आवश्यक साक्ष्य जुटाए हैं।
सीओ विकासनगर विवेक कुटियाल के अनुसार, पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। मामले में मुकदमा दर्ज किया गया है और घटनास्थल से मिले साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
हत्या की सुपारी के दावे ने बढ़ाई जांच की गंभीरता
लूटपाट और परिवार को बंधक बनाए जाने के साथ ही प्रिंसिपल को जान से मारने की कथित सुपारी की बात सामने आने से पुलिस के सामने जांच का एक और महत्वपूर्ण पहलू जुड़ गया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि बदमाश वास्तव में किसके इशारे पर पहुंचे थे, उनका मुख्य निशाना कौन था और वारदात के पीछे लूट के अलावा कोई अन्य उद्देश्य भी था या नहीं।
निष्कर्ष: विकासनगर के स्कूल परिसर में तड़के हुई इस वारदात से इलाके में चिंता का माहौल है। परिवार के अनुसार बदमाशों ने पहले प्रिंसिपल के बारे में जानकारी ली और इसके बाद लूटपाट कर परिवार को बंधक बनाया। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और फोरेंसिक साक्ष्यों के साथ अन्य पहलुओं की जांच जारी है। आरोपियों की गिरफ्तारी और कथित सुपारी की वास्तविकता जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।


