देहरादून | 9 जुलाई 2026
उत्तराखंड में मानसून ने एक बार फिर रौद्र रूप धारण कर लिया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) द्वारा देहरादून सहित प्रदेश के कई जिलों में भारी से अत्यंत भारी वर्षा की चेतावनी जारी किए जाने के बाद प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है। मौसम विभाग ने 10 जुलाई के लिए देहरादून में रेड अलर्ट जारी किया है। संभावित खतरे को देखते हुए जिला प्रशासन ने एहतियात के तौर पर जिले के सभी सरकारी, गैर-सरकारी विद्यालयों और आंगनबाड़ी केंद्रों में अवकाश घोषित कर दिया है।
मौसम विभाग के अनुसार अगले 24 घंटे के दौरान प्रदेश के कई हिस्सों में भारी से अत्यंत भारी वर्षा, तेज बारिश के दौर, आकाशीय बिजली गिरने तथा तेज हवाएं चलने की संभावना है। लगातार हो रही बारिश के कारण नदियों और बरसाती नालों का जलस्तर बढ़ सकता है, जिससे निचले क्षेत्रों में जलभराव और भूस्खलन जैसी घटनाओं का खतरा भी बना हुआ है।
राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र (एसईओसी) ने मौसम विभाग के पूर्वानुमान के आधार पर सभी जिलाधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश जारी किए हैं। जिलों में आपदा प्रबंधन तंत्र को सक्रिय रखने, संवेदनशील क्षेत्रों की निगरानी बढ़ाने तथा राहत एवं बचाव दलों को तैयार रखने के निर्देश दिए गए हैं ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।
देहरादून के जिलाधिकारी द्वारा जारी आदेश के अनुसार 10 जुलाई को जिले के सभी सरकारी, सहायता प्राप्त, निजी विद्यालयों तथा आंगनबाड़ी केंद्रों में अवकाश रहेगा। प्रशासन ने यह निर्णय विद्यार्थियों, शिक्षकों और कर्मचारियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए लिया है।
लगातार हो रही बारिश को देखते हुए देहरादून पुलिस भी हाई अलर्ट पर है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेंद्र सिंह डोबाल के निर्देश पर जिले के सभी थाना क्षेत्रों में पुलिस टीमें संवेदनशील इलाकों में लगातार गश्त कर रही हैं। पुलिस द्वारा नदी-नालों, पुलों, जलभराव वाले क्षेत्रों और भूस्खलन संभावित स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है।
पुलिस ने रात से ही नदी और बरसाती नालों के किनारे बसे क्षेत्रों में पहुंचकर लाउड हेलर के माध्यम से लोगों को सतर्क करना शुरू कर दिया है। जलस्तर बढ़ने की आशंका को देखते हुए लोगों से नदी-नालों के समीप न जाने की अपील की जा रही है। जिन स्थानों पर खतरे की संभावना अधिक है, वहां रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की कार्रवाई भी की जा रही है।
प्रशासन और पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा करने से बचें। विशेषकर पहाड़ी मार्गों, नदी किनारों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में जाने से परहेज करें। किसी भी आपात स्थिति की जानकारी तत्काल पुलिस, जिला प्रशासन या आपदा नियंत्रण कक्ष को देने का आग्रह किया गया है।
आपदा प्रबंधन विभाग ने संबंधित अधिकारियों को राहत एवं बचाव उपकरण, जेसीबी मशीनें, चिकित्सा दल और अन्य आवश्यक संसाधन तैयार रखने के निर्देश दिए हैं। साथ ही बिजली, पेयजल और सड़क जैसी आवश्यक सेवाओं से जुड़े विभागों को भी अलर्ट मोड पर रखा गया है ताकि किसी भी व्यवधान की स्थिति में तत्काल बहाली की जा सके।
मौसम विभाग ने लोगों से मौसम की ताजा जानकारी पर लगातार नजर बनाए रखने और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की सलाह दी है। विशेषकर पहाड़ी क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने की आवश्यकता बताई गई है, क्योंकि लगातार वर्षा से भूस्खलन और सड़क अवरोध की घटनाएं बढ़ सकती हैं।
निष्कर्ष
देहरादून में 10 जुलाई के लिए जारी रेड अलर्ट को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस पूरी तरह सतर्क हैं। स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों को बंद रखने का निर्णय सुरक्षा की दृष्टि से एहतियाती कदम है। प्रशासन ने नागरिकों से सावधानी बरतने, अनावश्यक आवाजाही से बचने और मौसम संबंधी सभी सरकारी निर्देशों का पालन करने की अपील की है, ताकि किसी भी संभावित आपदा के दौरान जनहानि और नुकसान को न्यूनतम रखा जा सके।



